आनंद शुक्ल और ईरा उप्रेती पर बढ़ा भरोसा, एमपी त्रिपाठी का बढ़ा कद सहकारिता विभाग में प्रशासनिक फेरबदल

‘तबादला एक्सप्रेस’ चला, सहकारिता विभाग में बड़ा फेरबदल
आनंद शुक्ल और ईरा उप्रेती पर बढ़ा भरोसा, एमपी त्रिपाठी का बढ़ा कद
बेलवाल को मिली नई जिम्मेदारी, पुनेठा और मोनिका बने प्रबंध निदेशक
राजेश चौहान बने कुमाऊं के सरताज, सुरेंद्र पाल को मिली गढ़वाल की कमान

देहरादून, 10 जून। उत्तराखंड के सहकारिता विभाग में मंगलवार को बड़ा प्रशासनिक उलटफेर देखने को मिला। सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के नेतृत्व में विभाग में अधिकारियों के दायित्वों का व्यापक पुनर्गठन किया गया है। इस फेरबदल को विभाग में कार्यकुशलता बढ़ाने और आगामी योजनाओं को गति देने की कवायद के रूप में देखा जा रहा है।
सबसे अधिक चर्चा अपर निबंधक श्रीमती ईरा उप्रेती और श्री आनंद शुक्ल को मिली नई जिम्मेदारियों की रही। विभागीय गलियारों में इसे दोनों अधिकारियों के प्रति बढ़ते भरोसे के रूप में देखा जा रहा है। ईरा उप्रेती को सदस्य, उत्तराखंड संस्थागत सेवा मंडल जबकि आनंद शुक्ल को सदस्य, उत्तराखंड राज्य सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
वहीं लंबे समय से विभागीय कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहे मंगला प्रसाद त्रिपाठी का भी कद बढ़ा है। उन्हें सदस्य सचिव, उत्तराखंड राज्य सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण के साथ-साथ प्रबंध निदेशक, उत्तराखंड राज्य सहकारी आवास संघ, काशीपुर का दायित्व दिया गया है। नीरज बेलवाल को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी देते हुए उत्तराखंड सहकारी न्यायाधिकरण एवं सहकारी सेवा, देहरादून में नामित किया गया है।
हाल ही में पदोन्नत हुए अधिकारियों में भी शासन ने तेजी दिखाई है। पदोन्नति के तुरंत बाद मनोज कुमार पुनेठा को उप निबंधक मुख्यालय के साथ प्रबंध निदेशक, लेबर फेडरेशन एवं हथकरघा संघ उत्तराखंड का दायित्व सौंपा गया है। वहीं मोनिका चुनेरा को उप निबंधक मुख्यालय के साथ प्रबंध निदेशक, साइलेज तथा हरिद्वार में जिला सहायक निबंधक के रिक्त पद का कार्यभार भी दिया गया है।
गढ़वाल और कुमाऊं मंडलों में भी नई तैनातियां चर्चा का विषय बनी हुई हैं। सुरेंद्र पाल को गढ़वाल मंडल की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जबकि राजेश चौहान को कुमाऊं मंडल का दायित्व दिया गया है। साथ ही विभाग के महत्वपूर्ण विधिक एवं न्यायिक मामलों की जिम्मेदारी भी उन्हें सौंपी गई है।
शासन ने सभी अधिकारियों को तत्काल अपने नवीन तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं।



